Bahurani (Hindi)Author/s: Rabindranath Tagore
राजा यशोहर के प्रतापादित्य अपने सभी लोगों—अपने बच्चों, प्रजा और सबसे बढ़कर अपनी बहू—से घृणा करते हैं। जब सुरमा ने राजा के पुत्र उदयादित्य से विवाह किया, तब उसे जरा भी अंदाज़ा नहीं था कि उसके ससुर उसका जीवन नरक बना देंगे। लेकिन सुरमा अपने इस दुख में अकेली नहीं है। उसकी घनिष्ठ मित्रता राजा प्रतापादित्य की बेटी विभा से हो जाती है, जो इसलिए बेहद दुखी है क्योंकि उसके पिता ने उसके पति की हत्या का आदेश दे दिया है।
राजा के अत्याचारों से परेशान सुरमा, उदयादित्य और विभा का आगे क्या होता है? क्या वे अंततः उसके विरुद्ध खड़े होने का साहस जुटा पाएँगे, या राजा अपनी लोहे की मुट्ठी से उन पर अपना नियंत्रण बनाए रखेगा?
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Category: Fiction
Tag: Rabindranath Tagore
